कोरोना रिटर्नस पर तीन महीने से बंद है छपरा सदर अस्पताल का ऑक्सीजन प्लांट

0 minutes, 1 second Read

CHHAPRA DESK – चाइना में कोरोना विष्फोट के बाद अब कोरोना रिटर्न हो चुका है. सभी देशों में कोरोना के मरीज मिलने शुरू हो गए हैं. ऐसी स्थिति में छपरा सदर अस्पताल में ऑक्सीजन की तैयारियों पर नजर डाली गई तो पता चला कि छपरा सदर अस्पताल में ऑक्सीजन की व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त है. ऑक्सीजन प्लांट करीब 3 महीने से बंद पड़ा हुआ है.

एक तरफ स्वास्थ्य महकमा मिशन 60 डेज को लेकर तैयारी में जुटा है तो दूसरी तरफ छपरा सदर अस्पताल का ऑक्सीजन प्लांट करीब 3 महीने से बंद पड़ा है. जो कि कहीं ना कहीं अस्पताल प्रशासन की घोर लापरवाही को दर्शाता है. अस्पताल प्रशासन फिलहाल ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और ऑक्सीजन सिलेंडर से काम चला रहा है जो कि कोरोना संक्रमण के प्रस्फुटित होने के बाद नाकाफी साबित होगा.

विदित हो कि करीब 3 महीने पहले ऑक्सीजन प्लांट के तांबे का कनेक्शन पाइप चोरों के द्वारा काट लिया गया था. जिसके बाद इसकी शिकायत अस्पताल प्रशासन के द्वारा भगवान बाजार थाने में की गई थी, लेकिन चोर पकड़ा नहीं जा सका था. ऑक्सीजन प्लांट से चोरी गया पाइप हजारों रुपए मूल्य का बताया जा रहा है. 2 महीने तक कोई कार्रवाई नहीं होते देख चोर आज पुनः पाइप चोरी करने की नीयत से अस्पताल पहुंचा और ऑक्सीजन प्लांट से निकल रहे तांबे के पाइप का क्लिप पोल पर चढ़कर खोलना शुरू कर दिया.

तभी एक अस्पताल कर्मी की उस पर नजर पड़ गई. जिसके बाद उसने चोर-चोर चिल्लाते हुए उसका पीछा किया. इतनी देर में वह चोर कनेक्शन पाइप के पोल से कूदकर भाग निकला. सदर अस्पताल स्थित ऑक्सीजन प्लांट से कनेक्शन पाइप की चोरी होने के बाद इस प्लांट को 3 महीने से बंद रखा गया है. हालांकि अस्पताल प्रशासन के द्वारा वैसे मरीजों को कंसंट्रेटर के माध्यम से ऑक्सीजन उपलब्ध कराया जा रहा है.

जबकि कंसंट्रेटर संख्या अस्पताल में गिनी चुनी है. ऐसी स्थिति में अगर एक साथ आधा दर्जन लोगों को भी आक्सीजन की आवश्यकता पड़ जाए तो फिर बड़ी समस्या उत्पन्न हो सकती है. कोई बड़ा हादसा भी हो सकता है. क्योंकि, ऑक्सीजन कंसंट्रेटर के माध्यम से अस्पताल के लिए ऑक्सीजन आपूर्ति कर पाना संभव नहीं है.

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *