स्मार्ट वॉच ने खोला हत्या का राज ; हत्यारों तक पहुंची पुलिस तो हुआ खुलासा कि भाइयों ने ही की थी हत्या

0 minutes, 1 second Read

Add

CHHAPRA DESK – सारण जिले के मशरक थाना क्षेत्र अंतर्गत एकावना गांव निवासी एक युवक की हत्या कर फेंके गए शव को मोतिहारी जिला के केसरिया गांव स्थित 70 घाट पुल के नीचे गंडक नदी से बरामद किया गया था. शव की पहचान के बाद भी काफी जांच-पड़ताल के बावजूद इस मामले में पुलिस के हाथ सुराग नहीं लग रहे थे‌. पुलिस को अपराधियों तक पहुंचने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा. लेकिन, मृतक के स्मार्ट घड़ी के माध्यम से पुलिस आरोपियों तक पहुंच गई और खुलासा हुआ कि मृतक राहुल कुमार के भाईयों ने ही उसकी हत्या की थी. हत्या की वजह भी हैरान करने वाला है. क्योंकि, भाई ही अपने भाई की मौत का कारण बनेगा यह कोई सोच भी नहीं सकता था. जानकारी के अनुसार, राहुल कुमार नशा का इतना आदी हो गया था कि घर में ही झगड़ा करता था. बताया जा रहा है कि इसी बात पर मारपीट के दौरान उसकी मौत हो गई थी. जिसके बाद उसका शव गंडक नदी में फेंक दिया गया.

एसडीपीओ ने किया हत्या का खुलासा

चकिया के एसडीपीओ सतेंद्र सिंह ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि पिछले दिनों युवक की हत्या कर शव फेंकने का मामला सामने आया था. लेकिन, अपराधियों तक पहुंचने में पुलिस को काफी मुश्किलें आईं. पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल पाई. जिसके बाद शव की फोटो को सोशल मीडिया पर भी पोस्ट किया गया, फिर भी कोई क्लू नहीं मिला. मोतिहारी पुलिस असमंजस में थी, लेकिन मृतक की जेब से बंद मिले स्मार्ट वॉच ने पुलिस इन्वेस्टिगेशन का रास्ता आसान कर दिया. पुलिस ने इसकी जांच कराई और क्यूआर कोड को जांच के लिए दिल्ली भेजा गया. स्मार्ट घड़ी के माध्यम से अभियुक्तों तक पुलिस पहुंची और गिरफ्तारी हुई.

दरअसल, दिल्ली से जानकारी मिली कि ये स्मार्टवॉच सारण के मशरक थाना क्षेत्र के एकावना गांव निवासी दूधनाथ सिंह के बेटे राहुल सिंह उम्र 28 ने खरीदी थी. जिसके बाद मोतिहारी पुलिस ने राहुल के परिजनों से पूछताछ की. इसी दौरान पुलिस को बड़े भाई पर शक हो गया. एसडीपीओ ने बताया कि राहुल के बड़े भाई पंकज पर संदेह होने पर उसे पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया. जब उससे सख्ती से पूछताछ की गई तो आरोपी पंकज ने अपने छोटे भाई राहुल की मौत की पूरी कहानी बताई. मामले में खुलासा हुआ कि दो भाइयों ने मिलकर राहुल की जान ली थी. आरोपी पंकज ने बताया कि, बीती 24 दिसंबर 2024 की रात राहुल ने नशा किया था और घर लौटने पर घरवालों से झगड़ा करने लगा.

वह ऐसा हर दिन ऐसा ही करता था और इस कारण घरवाले परेशान थे. उस दिन झगड़ा हुआ तो राहुल ने पंकज का गला पकड़ लिया. छुड़ाने की कोशिश की, लेकिन छोटे भाई सोनू ने राहुल को धक्का दे दिया. वह गेट से टकराकर नीचे गिर गया और सिर में गंभीर चोट लगने के कारण उसकी मौके पर ही मौत हो गई. राहुल की मौत के बाद पंकज और सोनू दोनों डर गए. हत्या को छिपाने के लिए दोनों ने शव को बाइक पर रखकर 50 किलोमीटर दूर सत्तरघाट पुल के नीचे फेंक दिया. ताकि, किसी को घटना की जानकारी नहीं मिले. फिलहाल पुलिस ने आरोपी पंकज को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दूसरा आरोपी सोनू फरार है. जिसकी तलाश की जा रही है.

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *