महिला छह सप्ताह की गर्भवती पर रिपोर्ट में कुछ नहीं ; फर्जी अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट की शिकायत करने पहुंचे पति के साथ मारपीट ; एससी एसटी थाने में मामला दर्ज

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CHHAPRA DESK –   सारण में फर्जी अल्ट्रासाउंड केंद्र की भरमार है. ऐसे अनेक अल्ट्रासाउंड सेंटर है जहां कोई सोनोलॉजिस्ट है ही नहीं और टेक्नीशियन ही रिपोर्ट तैयार करते हैं. ताजा मामला छपरा शहर के भगवान बाजार थाना अंतर्गत काशी बाजार स्थित तारा अल्ट्रासाउंड सेंटर से सामने आया है. जहां, अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट में प्रेगनेंसी नहीं आया और महिला ने जो दवा खाई उससे उसका बच्चा पेट में ही नुकसान हो गया. जबकि अन्यत्र अल्ट्रासाउंड कराए जाने के बाद मामला खुला कि उसके पेट में 6 सप्ताह 2 दिन का गर्भ था जो कि नुकसान हो चुका है. बात यहीं समाप्त नहीं हुई. जब उस महिला का पति शिकायत करने पहुंचा तो उसे जाती सूचक शब्दों के प्रयोग के साथ मारपीट की गई.

जिसके बाद पीड़ित के द्वारा 112 डायल को सूचना दी गई. सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल प्रारंभ की लेकिन नर्सिंग होम संचालकों के द्वारा उसे डरा धमकाकर भगा दिया गया. जिसके बाद पीड़ित के द्वारा एससी / एसटी थाने में मामला दर्ज कराया गया है. पीड़ित छपरा शहर के नगर थाना अंतर्गत तेलपा निवासी रंजीत कुमार बताया गया है. थाना को दिए गए फर्द बयान में उसके द्वारा बताया गया है कि वह अपनी पत्नी रानी देवी को शहर के एक महिला चिकित्सक से दिखलाये.

जहां चिकित्सक ने अल्ट्रासाउंड कराने के बाद दवा लिखने की बात कही गई और उनके द्वारा शहर के काशी बाजार स्थित तारा अल्ट्रासाउंड सेंटर में अल्ट्रासाउंड कराया गया और रिपोर्ट लेकर जब पहुंचा तो डॉक्टर चेंबर से जा चुकी थी. जिसके बाद कंपाउंडर के द्वारा इसकी सूचना मैडम को दी गई और उनके द्वारा रिपोर्ट के आधार पर उन्हें दवा लिखी गई. जिसके बाद देर रात उसके पेट में दर्द शुरू हो गया. अगले दिन वह पुनः दूसरे डॉक्टर के पास पहुंची तो उनके द्वारा भी अल्ट्रासाउंड कराया गया. लेकिन उस अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट में ज्ञात हुआ कि उसके पेट में 6 सप्ताह 2 दिन का गर्भ था जो कि नुकसान हो चुका है. इसके बाद वह तारा अल्ट्रासाउंड सेंटर पर शिकायत करने पहुंचा तो उसके संचालक व उसके कर्मियों ने उसके साथ जाति सूचक शब्द का प्रयोग कर मारपीट की गई. तब वह भाग कर रोड पर आया और 112 डायल पुलिस को सूचना दी. जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल शुरू की. इस मामले उसके द्वारा एससी / एसटी थाने में केस दर्ज कराया गया है. वहीं पुलिस मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ कर दी गई है.

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