खुलासा : एक सर्टिफिकेट पर 17 शिक्षक कर रहे थे नौकरी ; केके पाठक के आदेश का अब दिखा बड़ा असर

0 minutes, 7 seconds Read

CHHAPRA DESK – बिहार में शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव रहते हुए केके पाठक लगातार इस बात पर जोर देते रहे कि बिहार में कुछ शिक्षक फर्जीवाड़ा के जरिए अपनी नौकरी कर रहे हैं. इन शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच जरूरी है. इसके अलावा वो टेस्ट और परीक्षा पर इसलिए जोर देते रहे कि इस दौरान शिक्षकों के प्रमाण-पत्रों की जांच हो जाएगी. कुछ ऐसा ही हुआ है, बिहार के बांका जिले में 17 शिक्षक 2013 से एक ही प्रमाण पत्र पर नौकरी कर रहे थे. वेतन उठा रहे थे. अपनी ड्यूटी बजा रहे थे। अब उनकी कारगुजारी का खुलासा हो गया है. इन 17 शिक्षकों पर विभागीय आदेश के बाद प्राथमिकी दर्ज कर लिया गया है. कानूनी कार्रवाई की जा रही है. प्राप्त जानकारी के मुताबिक पिछले महीने में जब सक्षमता परीक्षा का आयोजन हुआ, उस दौरान इन शिक्षकों के प्रमाण-पत्रों को लेकर विभाग को संदेह हुआ.

उसके बाद विभाग ने इन 17 शिक्षकों को तीन मौका दिया. इस दौरान इन शिक्षकों को पटना बुलाया गया. वहां पहुंचे इन शिक्षकों ने अपना पक्ष भी रखा।इनमें से कई शिक्षक अपना पक्ष रखने के लिए नहीं पहुंचे. इनमें से दो तीन को छोड़कर बाकी शिक्षक जिला छोड़कर फरार हो गए हैं. कुछ ने अवकाश का आवेदन दे रखा है. कई शिक्षकों को मामला ठंडा होने का इंतजार है. हालांकि, विभाग इनके साथ किसी प्रकार की सहानुभूति बरतने के पक्ष में नहीं है.

प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश जारी

माध्यमिक शिक्षा निदेशक की ओर से इन सभी शिक्षकों पर कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश जारी कर दिया गया है. इनके खिलाफ पुलिस केस दर्ज किया जाएगा. उसके बाद उनकी सेवा को समाप्त किया जाएगा. साथ ही अब तक उठाए गए वेतन की वसूली के लिए कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी. जिन शिक्षकों पर केस दर्ज हुआ है और जिन पर कार्रवाई की जा रही है.

इन फर्जी शिक्षकों पर हो रही है कार्रवाई

अजय कुमार- बुनियादी विद्यालय डाढ़ा, बांका, अमित कुमार–यूएमएस पैदापुर, अविनाश कुमार -एनपीएस चंदन नगर, बांका, चंदा कुमार-पीएस महादेवपुर, दीपक कुमार-यूएमएस खजूर कोरामा, लीना कुमारी-पीएस दातीन बोरया, मंजीत कुमार-यूएमएस दोमुहान, मीनाक्षी कुमारी-एनपीएस घोषपुर रामटोला, मुकेश कुमार सहनी-बुनियादी विद्यालय भतकुंडी, नीलम कुमारी-एनपीएस कैरीकादो और नेहा कुमारी-एनपीएस मड़पा रजौन शामिल हैं.

खुलासा के बाद क्षेत्र से दर्जनों शिक्षक फरार

इसके अलावा कई शिक्षक और हैं, जिन पर कार्रवाई की गई है. उसमें- नीतीश कुमार -एनपीएस उष्टीगोड़ा फुल्लीडुमर, पायल कुमारी-यूएमएस लकड़ीकोला, प्रज्ञा पाठक-पीएस सिमराटांड चांदन, सिम्पी कुमारी- एनपीएस बलुआ यादव टोला, सुमन कुमारी- एनपीएस सिझुआ अमरपुर और स्वाति प्रिया-पीएस रीगा बांका शामिल हैं. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी- राजकुमार राजू ने बताया कि माध्यमिक शिक्षा निदेशक का आदेश शुक्रवार को मिला है. विभागीय आदेश के मुताबिक सभी शिक्षकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. इन शिक्षकों की जांच के दौरान ही दो महीने से वेतन बंद रखा गया है। इसमें कुछ शिक्षक पहले से ही विद्यालय छोड़कर फरार होने की सूचना है.

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *