छपरा के तीन श’स्त्र अनुज्ञ’प्तिधारियों का लाईसेंस हो सकता है रद्द ; श’स्त्र नि’लंबन के बाद अनुज्ञप्ति रद्द करने की हुई अनुशंसा

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CHHAPRA DESK –  सारण जिले के तीन शस्त्र अनुज्ञप्तिधारियों का लाईसेंस रद्द हो सकता है. उनका अनुज्ञप्ति रद्द करने की अनुशंसा भी कर दी गई है. सारण पुलिस अधीक्षक डॉ गौरव मंगला ने जिले के तीन शस्त्र अनुज्ञप्तिधारियों का लाईसेंस रद्द करने के लिए डीएम को लिखा है. जिसके आलोक में जिलाधिकारी अमन समीर के द्वारा कार्रवाई की जा रही है. इस मामले में जिलाधिकारी के द्वारा बताया गया कि पुलिस अधीक्षक के द्वारा अनुज्ञप्ति रद्द करने की हुई अनुशंसा से प्राप्त पत्र के अनुसार आपराधिक कांड दर्ज होने के कारण कुछ शस्त्र अनुज्ञप्तिधारी के विरुद्ध कार्रवाई करने हेतु अनुशंसा प्राप्त हुआ है.

उन्होंने बताया कि आपराधिक कांड में शामिल शस्त्र अनुज्ञप्तिधारियों में नयागांव थाना क्षेत्र के महदलीचक (गोपालपुर) गांव निवासी नरोत्तम कुमार सिंह उर्फ बब्लू सिंह, त्रिलोकी नाथ सिंह एवं धनंजय कुमार सिंह शामिल हैं. बताते चलें कि नरोत्तम कुमार सिंह उर्फ बब्लू सिंह के खिलाफ नयागांव थाना में 94 / 2008 प्राथमिकी सं0-69/ 23, दिनांक 28 नवंबर 23 दर्ज है. जिसमें आरोप है कि परिवारिक सम्पत्ति बंटवारा के रंजिश को लेकर अपने लाइसेंसी शस्त्र राइफल से फायरिंग किया गया.

वहीं त्रिलोकी नाथ सिंह, पिता स्व रामनवमी सिंह के खिलाफ नयागांव थाना में 136/2006 प्राथमिकी सं0-212/ 23 दिनांक 27 नवंबर 23 दर्ज है. जिसमें आरोप है कि परिवारिक सम्पत्ति बंटवारा के रंजिश को लेकर अपने लाइसेंसी शस्त्र राइफल से फायरिंग किया गया. वहीं धनंजय कुमार सिंह, पिता स्व रामनवमी सिंह के खिलाफ नयागांव थाना में 137/2006 प्राथमिकी सं0-212/ 23 दिनांक 27 नवंबर 23 दर्ज है. जिसमें आरोप है कि परिवारिक सम्पत्ति बंटवारा के रंजिश को लेकर अपने लाइसेंसी शस्त्र राइफल से फायरिंग किया गया.

जिलाधिकारी के द्वारा निर्देशित पत्र के माध्यम से बताया गया है कि पुलिस अधीक्षक, सारण द्वारा प्राप्त अनुशंसा एवं विधि-व्यवस्था के मद्देनजर आयुध अधिनियम, 1959 की धारा-17 के तहत उक्त अनुज्ञप्तिधारियों की अनुज्ञप्ति को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए उस पर धारित शस्त्र को नयागांव थाना के मालखाना में जमा करने का निर्देश दिया जाता है. साथ ही, अनुज्ञप्तिधारी को निर्देशित किया जाता है कि उपरोक्त कृत्य /आरोप के लिए

पत्र प्राप्ति के एक सप्ताह के अंदर अपना स्पष्टीकरण साक्ष्य सहित देना सुनिश्चित करें कि क्यों नहीं आपकी अनुज्ञप्ति उक्त अधिनियम की धारा 17 (3) के तहत रद्द कर दी जाए. निर्धारित समय सीमा के अन्तर्गत स्पष्टीकरण अप्राप्त रहने की स्थिति में एकतरफा कार्रवाई कर अनुज्ञप्ति रद्द की जाएगी. थानाध्यक्ष, नयागाव को आदेश दिया गया है कि निलंबित अनुज्ञप्तिधारी को तामिला कराकर तामिला प्रतिवेदन एवं उनके शस्त्र को थाना के मालखाना में जमा करने का प्रतिवेदन उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे.

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