डेंगू पर रोक के लिए सम्पूर्ण प्रशासनिक तंत्र को अलर्ट रहने का जिलाधिकारी ने दिया निदेश

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CHHAPR DESK – सारण जिला पदाधिकारी अमन समीर के द्वारा आज डेंगू के प्रसार पर नियंत्रण हेतु की जा रही कार्रवाईयों की समीक्षा की गई. उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा प्रावधानों के अनुरूप सभी तरह की निरोधात्मक तथा सतर्कतामूलक कार्रवाई की जा रही है. सम्पूर्ण प्रशासनिक तंत्र डेंगू पर नियंत्रण हेतु तत्पर है. जिला पदाधिकारी महोदय ने निर्देश देते हुए कहा कि सभी संबंधित पदाधिकारी अलर्ट रहें तथा डेंगू पर नियंत्रण के लिए हरसंभव कदम उठाएं.

डेंगू के हॉट स्पॉट में विशेष नजर रखते हुए त्वरित कार्रवाई करें. अन्य राज्यों में भी डेंगू के मरीज मिल रहे हैं. आने वाले त्योहारों के दौरान काफी बड़ी संख्या में लोगों के बिहार आने की संभावना है. अतः सभी अनुमंडल पदाधिकारियों, सिविल सर्जन, नगर कार्यपालक पदाधिकारियों तथा अन्य सम्बद्ध विभागों के पदाधिकारियों को अपेक्षित सतर्कता बरतने की जरूरत है. एडिज मच्छर पर नियंत्रण के लिए हर तरह की निरोधात्मक कार्रवाई करें. वृहत स्तर पर फॉगिंग तथा एन्टी-लार्वा रसायन (टेमीफॉस) का छिड़काव करें.

स्वास्थ्य प्रशिक्षकों द्वारा नगर निकायों में फॉगिंग का निरंतर पर्यवेक्षण सुनिश्चित कराएं. डेंगू को नियंत्रित करने के लिए संदिग्ध मरीजों की निगरानी रखना आवश्यक है. निरोधात्मक कार्रवाई के तहत लाईन लिस्ट प्राप्त होने पर सूक्ष्म कार्य योजना के अनुसार डेंगू के सम्पुष्ट मरीज के आस-पास 500 मीटर रेडियस में तुरंत टेक्निकल मालाथियोन की फॉगिंग कराएं. जानकारी दी गई कि अस्पताल में पर्याप्त संख्या में बेड उपलब्ध है.

आवश्यकता पड़ने पर सिविल सर्जन को बेड बढ़ाने का निर्देश दिया गया. सभी भागीदार (स्टेकहोल्डर्स) यथा जिला प्रशासन, नगर निकाय, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा, पंचायती राज, ग्रामीण विकास, पीएचईडी एवं अन्य आपस में समन्वय स्थापित कर सभी आवश्यक कार्रवाई करें. जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी विभागीय दिशा-निदेशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करें. डेंगू बुखार के क्लिनिकल प्रबंधन के लिए राष्ट्रीय दिशा-निदेशों के अनुरूप प्रतिबद्धता के साथ कार्य करें. आशा/आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा डेंगू-प्रवण क्षेत्र में सघन अभियान चलायें.

डेंगू फीवर के कारण एवं लक्षण

डेंगू बीमारी एडिज नामक मच्छर के काटने से होती है. एडिज मच्छर दिन के समय काटता है.

लक्षणः

* अचानक तेज सिर दर्द व तेज बुखार
* मांसपेशियों तथा जोड़ों में दर्द होना
* आंखों के पीछे दर्द होना, जो कि आंखों को घुमाने से बढ़ता है,
जी मिचलाना एवं उल्टी होना,
गंभीर मामलों में नाक, मुंह, मसूड़ों से खून आना,
त्वचा पर चकत्ते उभरना

बचाव के उपाय

एडिज का मच्छर स्थिर साफ पानी में पनपता है इसलिए
कूलर, पानी की टंकी, पक्षियों के पीने के पानी का बर्तन, फ्रिज की ट्रे, फूलदान इत्यादि को प्रति सप्ताह खाली करें व धूप में सुखाकर प्रयोग करें.
नारियल का खोल, टूटे हुए बर्तन व टायरों में पानी जमा न होने दें.
घरों के दरवाजे व खिड़कियों में जाली/परदे लगायें.

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