गयाजी डैम निर्माण होने के कारण इस वर्ष छठ पर्व एक चैलेंज के रूप में : गया डीएम

0 minutes, 2 seconds Read

GAYA DESK – बिहार के सुप्रसिद्ध कार्तिक छठ महापर्व के अवसर पर सुरक्षा, विधि व्यवस्था एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने हेतु गया जिला पदाधिकारी डॉक्टर त्यागराजन एसएम एवं वरीय पुलिस अधीक्षक गया हरप्रीत कौर की संयुक्त अध्यक्षता में पुलिस लाइन परिसर में बैठक हुई. पदाधिकारियों के बीच ब्रीफिंग को संबोधित करते हुए जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि पिछले दो वर्षों के बाद भव्य रुप से छठ पर्व मनाया जा रहा है. इसलिए सभी छठ घाटों पर भीड़ होने की पूरी संभावना है. सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि अपने-अपने प्रतिनियुक्ति स्थल पर उपस्थित रहते हुए भीड़ नियंत्रण हेतु आवश्यक कार्य करते रहें.

उन्होंने सभी पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि कृपया निम्नलिखित बिंदुओ को अवश्य क्रॉस-चेक करें कि खतरनाक घाटों का स्पष्ट रूप से सीमांकन और प्रचार-प्रसार करवाये. घाटों पर जहां आवश्यक हो वहां बैरिकेटिंग करवारें. उन्होंने कहा कि सभी महत्वपूर्ण स्थानों पर पुलिस पदाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की गई है. रेलवे पटरियों पर भी प्रतिनियुक्ति की गई है, जहां घाट लगे हैं या जहां लोगों को घाटों तक पहुंचने के लिए पटरियों को पार करना पड़ता है.

पीए सिस्टम उन जगहों पर लगाए गए हैं जहां भारी भीड़ होने की संभावना है. उचित संचार योजना मौजूद है. जहां आवश्यक हो वहां गोताखोरों को तैनात किया गया है.
जिला पदाधिकारी ने कहा कि दंडीबाग स्थित झारखंडी घाट में स्वच्छ जल की उपलब्धता को नहीं देखते हुए झारखंडी घाट से लगभग 100 मीटर दूर आयुर्वेदिक कॉलेज के पीछे नए घाट का निर्माण किया गया है. जिला पदाधिकारी ने गया जिला वासियों से अपील किया है कि जो छठव्रती झारखंडी घाट में जाने हेतु इच्छुक हैं, वह वहां ना जाते हुए वहां से 100 मीटर दूर आयुर्वेदिक कॉलेज में बनाए गए नए छठ घाट में जाकर अर्घ्य दे सकते हैं.


जिला पदाधिकारी ने कहा कि सभी छठ घाटों पर पर्याप्त बल, दंडाधिकारी, एंबुलेंस, चिकित्सीय दल एवं फायर ब्रिगेड की प्रतिनियुक्ति की गई है. सभी महत्वपूर्ण छठ घाटों के निकट क्विक रिस्पांस टीम बनाई गई है. शहरी क्षेत्र के 31 प्रमुख छठ घाटों को 4 ज़ोन में विभक्त करते हुए जिले के वरीय पदाधिकारियों को ज़ोन का वरीय पदाधिकारी नामित किया गया है. उन्होंने बताया कि
ज़ोन 1 के वरीय पदाधिकारी अपर समाहर्ता मनोज कुमार इनके अंतर्गत कुल 13 छठ घाट, ज़ोन 2 के वरीय पदाधिकारी जिला भू अर्जन पदाधिकारी इनके अंतर्गत कुल 07 छठ घाट, ज़ोन 3 एवं जोन 4 के वरीय पदाधिकारी उप विकास आयुक्त इनके अंतर्गत जोन 3 में कुल 06 छठ घाट तथा ज़ोन 4 में 05 छठ घाट को निगरानी हेतु आवंटित किया गया है.
सुरक्षा के दृष्टिकोण से सभी घाटों पर वॉच टावर एवं घाट के अंदर गहराई में ना जाए इसके लिए अस्थाई बैरीकटिंग कराई गई है. अति महत्वपूर्ण घाटों पर चेंजिंग रूम सीसीटीवी कैमरा कंट्रोल रूम पब्लिक टॉयलेट इत्यादि की भी व्यवस्था की गई है.
छठ पर्व को देखते हुए जिला नियंत्रण कक्ष 29 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक 24 घंटे कार्यरत है जिसका दूरभाष संख्या 2222 253 है. तीन पालियों में पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है.


इस बैफ्रिग को संबोधित करते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक हरप्रीत कौर ने कहा कि किसी भी घाट पर कोई अफवाह ना फैलाएं. इस पर पूरी नजर रखें भीड़ नियंत्रण एवं ट्रैफिक व्यवस्था सुचारू रहे. इस पर सभी पदाधिकारी पूरी तरह फोकस रखें. बड़े एवं संवेदनशील घाटों पर पुलिस पदाधिकारी को पोर्टेबल माइक तथा वायरलेस चेक मशीन दिया जा रहा है, ताकि अपने स्तर से लगातार माइकिंग करते रहें हैं. सभी थाना प्रभारी एवं वरीय पुलिस पदाधिकारियों निर्देश दिया है कि अपने-अपने थाना क्षेत्र अंतर्गत घाटों में पैदल गस्ती लगातार करावे, विशेषकर रात्रि अवधि में. इसके बाद जिला पदाधिकारी द्वारा सूर्यकुंड तथा देवघाट का निरीक्षण किया गया है.
सूर्यकुंड निरीक्षण के दौरान बैरिकेटिंग को और मजबूत करवाने का निर्देश दिया और कहा कि गोताखोर तथा एसटीआरएफ की टीम लगातार मूवमेंट में रहे यह सुनिश्चित करावें. भीड़ नियंत्रण हेतु प्रभावी कार्यवाही करें सेपरेट एंट्री एवं सेपरेट एग्जिट प्वाइंट रखें.

Similar Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *